आंगनवाड़ी पदाधिकारियों ने आयुक्त को सौंपा ज्ञापन, समस्याओं और मांगों से कराया अवगत,

देवास। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका संघ के प्रदेश पदाधिकारियों ने भोपाल में महिला एवं बाल विकास विभाग की आयुक्त निधि निवेदिता शुक्ला से मुलाकात कर आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में बताया गया कि पोषण ट्रैकर में बच्चों के पंजीयन का लगातार दबाव बनाया जा रहा है, जबकि जनसंख्या में बदलाव, ग्रामीण क्षेत्रों से पलायन, कम जन्मदर और परिवार नियोजन जैसे कारणों से निर्धारित लक्ष्य पूरा करना व्यवहारिक रूप से संभव नहीं है। पदाधिकारियों ने कहा कि कई परिवार शहरों में बस चुके हैं, लेकिन उनके नाम अभी भी गांवों की समग्र आईडी और निर्वाचन सूची में दर्ज हैं। ऐसे बच्चों का पंजीयन बिना उनकी भौतिक उपस्थिति के संभव नहीं है, क्योंकि नियमित वजन, लंबाई और अन्य पोषण संबंधी मापदंड दर्ज करना आवश्यक होता है।
संघ ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं के लंबित एरियर का शीघ्र भुगतान करने की मांग भी उठाई। साथ ही बताया कि हर वर्ष सर्वे और नियमित पंजीयन के बावजूद पुराने जनसंख्या आंकड़ों के आधार पर अत्यधिक लक्ष्य निर्धारित किए जा रहे हैं, जिससे कार्यकर्ताओं पर मानसिक दबाव बढ़ रहा है। आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज समय पर नहीं बनने जैसी परिस्थितियों में भी कार्यकर्ताओं पर जिम्मेदारी डाली जाती है। नाबालिग गर्भवती महिलाओं के मामलों में भी मानदेय कटौती पर आपत्ति जताई गई।
आयुक्त निधि निवेदिता शुक्ला ने पदाधिकारियों की बात गंभीरता से सुनते हुए आश्वासन दिया कि वास्तविक बच्चों के पंजीयन, सर्वे के आधार पर एनओसी संबंधी आवश्यक निर्देश जारी किए जाएंगे। उन्होंने आंगनवाड़ी संचालन को और प्रभावी बनाने, बच्चों की संख्या बढ़ाने, स्वास्थ्य एवं पोषण सेवाओं को मजबूत करने तथा आंगनवाड़ी प्रमाणपत्र के आधार पर स्कूलों में प्रवेश की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने की दिशा में भी प्रयास करने का भरोसा दिलाया।
मुलाकात के दौरान प्रदेश महामंत्री रंजना राणा, प्रदेश उपाध्यक्ष रानी सिंह, प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष रुक्मणी यादव, जिला महामंत्री स्नेहलता गौड़, जिला अध्यक्ष उमा तिवारी, कोषाध्यक्ष संजना परसाई और संभाग अध्यक्ष जरीना खान सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।











