आगर–राजगढ़ ड्रग्स नेटवर्क बेनकाब, ₹50 करोड़ कीमत का केमिकल जब्त,

झालावाड़ पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए मध्यप्रदेश के आगर मालवा और राजगढ़ जिले से जुड़े अंतरजिला ड्रग्स नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। झालरापाटन थाना पुलिस और जिला स्पेशल टीम की संयुक्त कार्रवाई में 320.72 किलोग्राम संदिग्ध केमिकल (2-Bromo-4-Methyl Propiophenone) जब्त किया गया है, जिसका उपयोग एमडी ड्रग्स बनाने में किया जाता है। इसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब ₹50 करोड़ बताई जा रही है। पुलिस ने अपराध में प्रयुक्त एक लग्जरी वाहन भी जब्त किया है। अब तक 5 आरोपियों को डिटेन किया गया है।
🔍 गश्त के दौरान पकड़ी गई करोड़ों की खेप
पुलिस अधीक्षक श्री अमित कुमार ने बताया कि 03 फरवरी 2026 की रात झालरापाटन क्षेत्र में गश्त के दौरान ग्रोथ सेंटर चौराहे पर एक पिकअप वाहन और महिंद्रा TUV संदिग्ध अवस्था में खड़े मिले। तलाशी लेने पर पिकअप में घरेलू सामान की आड़ में रखे 6 प्लास्टिक ड्रम बरामद हुए, जिनमें कुल 320.72 किलो केमिकल भरा था। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि इससे बड़ी मात्रा में एमडी ड्रग्स तैयार की जानी थी।
👥 मौके से तीन आरोपी डिटेन
पुलिस ने मौके से:
दीपक (30) निवासी नरवल, थाना आगर जितेंद्र सिंह (41) निवासी गोंदल मऊ, थाना नलखेड़ा शैलेन्द्र विलाला (26) निवासी गोंदल मऊ
को डिटेन किया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि केमिकल महाराष्ट्र से कोटा होते हुए पिकअप वाहन द्वारा आगर (म.प्र.) ले जाया जा रहा था।
🚔 आगर–राजगढ़ तक फैला नेटवर्क
आगर पुलिस के सहयोग से जयनारायण उर्फ मामू और उसके साथी रामलाल को सुसनेर (आगर) से डिटेन किया गया। पूछताछ में पता चला कि खेप आगे रघुनंदन पाटीदार, निवासी गोगड़पुर, थाना माचलपुर (राजगढ़) को सौंपी जानी थी।
पुलिस दबिश के दौरान रघुनंदन फरार हो गया, लेकिन उसकी निशानदेही पर माचलपुर (राजगढ़) स्थित उसके ठिकाने पर एमडी ड्रग्स बनाने की फैक्ट्री का खुलासा हुआ। वहां से ड्रग्स निर्माण उपकरण और अन्य केमिकल बरामद किए गए।
⚖️ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज
वाणिज्यिक मात्रा में मादक पदार्थ निर्माण की तैयारी पाए जाने पर थाना झालरापाटन में आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 30 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार यह नेटवर्क करोड़ों रुपये के अवैध ड्रग्स कारोबार से जुड़ा है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
⭐ विशेष भूमिका
इस कार्रवाई में जिला स्पेशल टीम की अहम भूमिका रही। साथ ही DRI जयपुर से प्राप्त इनपुट के आधार पर कार्रवाई को सफलता मिली। राजगढ़ पुलिस अधीक्षक श्री अमित तोलानी एवं उनकी टीम का भी महत्वपूर्ण सहयोग रहा।















